दुर्ग। 19 जून, 2026, (सीजी संदेश) : दुर्ग के पशु आहार किसान राईस मिल के कुएं में मिले शव यशवंत सारथी हत्याकांड का दुर्ग पुलिस ने महज 24 घंटे के भीतर खुलासा कर बड़ी सफलता हासिल की है। थाना मोहन नगर पुलिस की त्वरित एवं प्रभावी कार्रवाई के परिणामस्वरूप हत्या की इस सनसनीखेज वारदात में शामिल सभी सात अपचारी बालकों (नाबालिगों) को गिरफ्तार कर लिया गया। प्रारंभिक जांच में सामने आया कि मात्र 1,500 रुपये के लेनदेन को लेकर उत्पन्न विवाद ने जघन्य अपराध का रूप ले लिया। आरोपियों ने योजनाबद्ध तरीके से यशवंत को बुलाकर उसकी हत्या कर शव को कुएं में फेंक दिया था। पुलिस की सतर्कता, तकनीकी जांच एवं सघन पूछताछ के चलते पूरे मामले का शीघ्र खुलासा संभव हो सका। प्रकरण में सभी के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस), 2023 की धारा 103(1) के तहत अपराध पंजीबद्ध कर वैधानिक कार्रवाई की गई है। मिली जानकारी के अनुसार दिनांक 18 जून को रात्रि करीबन 08.30 बजे प्रार्थी दुर्गा सारथी को सूचना प्राप्त हुई कि पशु आहार किसान राईस मिल शक्ति नगर दुर्ग स्थित कुआं में एक व्यक्ति का शव पड़ा हुआ है। पुलिस एवं स्थानीय लोगों द्वारा दिखाए गए फोटो के आधार पर शव की पहचान यशवंत सारथी (उम्र 26 वर्ष) के रूप में की गई। जांच में पाया गया कि अज्ञात आरोपियों द्वारा सिर पर कठोर वस्तु से मारकर एवं सीना, पेट व पीठ में कटर से वार कर हत्या की गई है, जिस पर थाना मोहन नगर में अपराध धारा 103(1) बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर विवेचना में लिया गया था।
मामले की गंभीरता को देखते हुए मोहन नगर पुलिस टीम द्वारा तत्परता से कार्रवाई करते हुए महज 24 घंटे के भीतर घटना में शामिल सभी 07 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है, जो कि सभी नाबालिग (18 वर्ष से कम उम्र के अपचारी बालक) हैं। पुछताछ में विवाद का कारण यह सामने आया कि मृतक ने मुख्य आरोपी से 1,500 रुपये उधार लिए थे, जिसे बार-बार अनुरोध करने के बाद भी वह वापस नहीं कर रहा था। इसी बात को लेकर आरोपी के मन में विवाद ने जन्म लिया। योजना के तहत मुख्य आरोपी ने दिनांक 17 जून की रात मृतक यशवंत सारथी को फोन करके घटनास्थल पर बुलाया और साथ ही अपने अन्य दोस्तों (सह-आरोपियों) को भी वहां बुला लिया। जैसे ही मृतक वहां पहुंचा, आरोपियों के समूह ने उसे पकड़ लिया और पास में पड़े पत्थर से उसका सिर कुचल दिया। इसके बाद आरोपियों ने कटर का उपयोग कर मृतक को गंभीर रूप से घायल किया और साक्ष्य छुपाने के उद्देश्य से शव को पास के कुएं में फेंक कर मौके से फरार हो गए थे। पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए सभी 07 अपचारी बालकों को हिरासत में ले लिया है।
▪️ घटना का कारण :
मृतक द्वारा आरोपी से लिए गए 1,500 रुपये को बार-बार मांगने पर भी वापस न करना, जो विवाद का मुख्य आधार बना।
▪️ घटनास्थल :
पशु आहार किसान राईस मिल शक्ति नगर दुर्ग, थाना मोहन नगर, जिला दुर्ग।
▪️ आरोपी का नाम :
07 अपचारी बालक (सभी नाबालिग, उम्र 18 वर्ष से कम)
▪️ जप्त सामग्री :
(घटना में प्रयुक्त पत्थर, कटर एवं अन्य संबंधित साक्ष्य/सामग्री की जप्ती पुलिस द्वारा विधिवत की गई है।)
▪️ सराहनीय भूमिका :
उक्त अंधे कत्ल की गुत्थी को महज 24 घंटे के भीतर सुलझाकर सभी 07 अपचारी बालकों को गिरफ्तार करने में थाना मोहन नगर पुलिस टीम के अधिकारी एवं कर्मचारियों की अत्यंत सक्रिय, त्वरित एवं प्रभावी भूमिका रही।
▪️ दुर्ग पुलिस की अपील :
दुर्ग पुलिस आम नागरिकों से अपील करती है कि किसी भी प्रकार की संदिग्ध, अवैध अथवा आपराधिक गतिविधियों की सूचना तत्काल पुलिस को दें। कानून का उल्लंघन करने वाले किसी भी अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा और उनके विरुद्ध सख्त वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।




