दुर्ग। 17 फरवरी, 2026, (सीजी संदेश) : संभाग आयुक्त एस.एन. राठौर ने कहा कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती प्रदान करने के लिए गन्ने एवं मिलेट्स फसलों की पैदावारी हेतु किसानों को प्रोत्साहित किया जाए। उन्होंने कहा कि दुर्ग जिले में गन्ने की फसल पर जोर दिया जाए, वहीं संभाग अंतर्गत पाहड़ी क्षेत्रों के जिलों में मिलेट्स फसलों की पैदावारी पर जोर दिया जाए। उन्होंने संयुक्त संचालक कृषि को गन्ने की पैदावारी के लिए शासन स्तर पर कृषकों को अनुदान राशि हेतु आवश्यक पहल करने के निर्देश दिये। श्री राठौर ने संभाग अंतर्गत जिलों में रबी धान की फसल के बदले दहलन-तिलहन फसलों की क्षेत्राच्छादन में बढ़ोतरी करने निर्देशित किया। खाद के भंडारण के साथ ही अग्रिम उठाव हेतु अभियान प्रारंभ किया जाए। संभाग आयुक्त श्री राठौर ने आज संभागीय कार्यालय के सभाकक्ष में आयोजित संभाग स्तरीय अधिकारियों की बैठक में उक्त निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि दसवीं एवं बारहवीं की बोर्ड परीक्षा के दौरान नकल रोकने बेहतर प्रबंध किया जाए। जिलों में उड़नदस्ता टीम गठित कर, टीम द्वारा नकल के विरूद्ध प्रभावी कार्यवाही सुनिश्चित किया जाए। बोर्ड परीक्षा का संचालन बेहतर ढंग से हो। केन्द्राध्यक्षों को परीक्षा के संबंध में आवश्यक सावधानियां बरतने के कड़े निर्देश दिये जाए।
संभाग आयुक्त श्री राठौर ने सभी कार्यालयों में ई-ऑफिस के माध्यम से कार्य संचालित करने पर जोर देते हुए अवगत कराया कि आगामी 24 फरवरी को ई-ऑफिस पर विशेष प्रशिक्षण बीआईटी दुर्ग में आयोजित की जा रही है। उक्त प्रशिक्षण में अधिकारी सम्मिलित होना सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि शासन की मंशानुसार प्रदेश की सभी पंचायतों को एक प्राथमिक सहकारी समिति को जोड़ना है। दुर्ग संभाग में अब तक 1330 पंचायतों को समितियों द्वारा कवर्ड किया गया है। उन्होंने संयुक्त आयुक्त सहकारी समितियां को अनकवर्ड ग्राम पंचायतों में भी पैक्स, दुग्ध, मत्स्य एवं वनोपज समितियों से जोड़ने हेतु आवश्यक पहल करने के निर्देश दिये। इस दौरान संभाग आयुक्त श्री राठौर ने विभागवार समय-सीमा प्रकरणों की भी समीक्षा की। बैठक में उपायुक्त (राजस्व) पदुमलाल यादव, उपायुक्त (विकास) संतोष ठाकुर सहित समस्त विभाग के संभाग स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे।



