बिलासपुर। 25 जून, 2026, (सीजी संदेश) : पुलिस मुख्यालय के निर्देशानुसार पुलिस उप महानिरीक्षक एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह के मार्गदर्शन में सड़क दुर्घटनाओं में प्रभावी नियंत्रण एवं रोकथाम हेतु नियमित रूप से सड़क सुरक्षा से संबंधित विविध आयामो पर विस्तृत कार्ययोजना बना कर कार्य किया जा रहा है। इस क्रम में 25 जून को डी आई जी यातायात पुलिस मुख्यालय एम आर आहिरे की उपस्थिति में मंथन सभा कक्ष कलेक्ट्रेड बिलासपुर में “पी एम राहत योजना” के जिला बिलासपुर में क्रियान्वयन एवं उसके तकनीकी प्रक्रियाओं के संदर्भ में जिले के समस्त नोडल अधिकारियों पुलिस, प्रशासन, परिवहन, एनआईसी एवं स्वास्थ्य विभाग के राजपत्रित अधिकारियों, थाना प्रभारियों एवं विवेचकों सहित सड़क सुरक्षा से संबंधित अन्य विभागों को विस्तृत जानकारी प्रदान किए जाने हेतु प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया जिसके तहत पीएम राहत योजना के संबंध में व्यापक स्तर पर तकनीकी जानकारी प्रदान की गई। विदित हो कि पीएम राहत योजना के तहत जिला बिलासपुर में सड़क दुर्घटनाओं में आहत व्यक्तियों को 1,50,000/- तक की उपचार सुविधा प्रदान किए जाने हेतु इसके समस्त प्रक्रियाओं का क्रियान्वयन प्रारंभ हो चुका है जिला बिलासपुर में थाना रतनपुर और थाना सिविल लाइन अंतर्गत सड़क दुर्घटना में आहत को मिल चुकी है कैशलेश उपचार। यह प्रक्रिया 24 घंटे के अंदर पूर्ण कर सबमिट किया गया था ताकि आगे की केसलेस उपचार योजना के तहत राहत राशि संबंधित अस्पताल को प्राप्त हो सके। आज के इस विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम में सर्वप्रथम पीएम राहत योजना के संबंध में जिले एवं संभाग के अन्य जिलों से आये समस्त अधिकारियों कर्मचारियों को इसके उद्देश्य एवं क्रियान्वयन के संबंध में डी आई जी श्री एम आर आहिरे, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक यातायात रामगोपाल करियारे, डीटीसी परिवहन मनोज ध्रुव, अरविंद यादव आईटी एनआईसी, अमित देवांगन डायरेक्ट आई टी, सारांश शिर्के स्टेट मैनेजर पीएम राहत योजना के द्वारा विस्तृत जानकारी प्रदान की गई। इसके पश्चात टीएमएस पोर्टल, eDAR में पीड़ित/आहत के पंजीयन के संबंध में किस तरीके से ऑनलाइन जानकारी प्रविष्टि की जाती है के संबंध में NIC के सभी विशेषज्ञ के द्वारा जानकारी प्रदान की गई। इस अवसर पर एडीएम शिव बनर्जी, एएसपी ट्रेफिक रामगोपाल करियारे, एएसपी शहर पंकज पटेल,एएसपी यातायात जांजगीर चाम्पा उदयन बेहार, आरटीओ असीम माथुर, संभाग के आठो जिलों से आये सभी चिकित्सक गण, सभी थाना प्रभारीगण, विवेचक गण एवं सड़क सुरक्षा से सम्बन्धित अन्य अधिकारी कर्मचारी अधिकाधिक संख्या में ऑनलाइन एवं ऑफलाइन माध्यम से उपस्थित थे। ज्ञातव्य हो कि सड़क दुर्घटनाओं में घायल व्यक्तियों को त्वरित एवं गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने हेतु भारत सरकार द्वारा प्रधानमंत्री – सड़क दुर्घटना पीड़ित अस्पताल में भर्ती और सुनिश्चित उपचार (PM-RAHAT) योजना लागू की गई है। इस योजना का मुख्य उद्देश्य दुर्घटना के बाद ‘गोल्डन ऑवर’ (पहले एक घंटे) में पीड़ितों को निःशुल्क एवं तत्काल उपचार सुनिश्चित करना है, जिससे अधिक से अधिक जीवन बचाए जा सकें। इस योजना के अंतर्गत सड़क दुर्घटना के प्रत्येक पीड़ित को दुर्घटना की तिथि से 7 दिनों तक अधिकतम ₹1.50 लाख तक का कैशलेस उपचार उपलब्ध कराया जाएगा। यह सुविधा सभी मोटर वाहन दुर्घटना पीड़ितों के लिए लागू है, चाहे वे छत्तीसगढ़ के निवासी हों या अन्य राज्य के। जिले में iRAD/eDAR से जुड़े जिले के आयुष्मान अस्पताल सहित 172 अस्पतालों द्वारा कैशलेस उपचार उपलब्ध कराया जा रहा है। उपचार प्रक्रिया के तहत अस्पताल द्वारा पीड़ित को टीएमएस (TMS) 2.0 पोर्टल पर पंजीकृत किया जाता है, जिसके पश्चात 24 घंटे के भीतर उसका सत्यापन पुलिस विभाग द्वारा किया जाता है। गंभीर रूप से घायल मरीजों के लिए 48 घंटे तक स्थिरीकरण उपचार की गारंटी भी सुनिश्चित की गई है।
योजना की आवश्यक शर्तें :-
24 घंटे के भीतर अस्पताल में भर्ती अनिवार्य
TMS 2.0 पोर्टल पर 24 घंटे के भीतर पंजीकरण अनिवार्य
पुलिस सत्यापन निर्धारित समय में अनिवार्य (सामान्य: 24 घंटे | गंभीर: 48 घंटे)
पुलिस सत्यापन हेतु iRAD/eDAR की Accident ID एवं Victim ID आवश्यक
गंभीर मरीजों हेतु 48 घंटे तक स्थिरीकरण उपचार सुनिश्चित
मामले के स्थानांतरण हेतु जिला पुलिस को 3 घंटे का समय निर्धारित
बिलासपुर पुलिस के द्वारा आम नागरिकों से अपील की जाती है कि सड़क दुर्घटना की स्थिति में घायलों को तुरंत गोल्डन अवर में नजदीकी अस्पताल पहुंचाएं, ताकि उन्हें इस योजना का लाभ मिल सके और समय पर गुणवत्तापूर्ण उपचार से जीवन बचाया जा सके।




