जशपुर। 27 नवंबर, 2025, (सीजी संदेश) : छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय आज ग्राम नारायणपुर में आयोजित कार्यक्रम के अवसर पर जशपुर पुलिस द्वारा लगाए गए नवीन आपराधिक कानून के स्टाॅल का अवलोकन किया। नये कानून में त्वरित न्याय की अवधारणा है इसके साथ ही अपराधियों के विरूद्ध कठोर सजा के प्रावधान भी हैं। नये कानून से औपनिवेशिक कानून का अंत हुआ है तथा इसमें पीड़ित केन्द्रित न्याय व्यवस्था का प्रावधान किया गया है। ई-एफआईआर से लेकर न्याय तक सब तय अवधि में होगा। स्टाॅल में विभिन्न हेल्पलाईन नंबरों का भी प्रदर्शन किया गय। अवलोकन के पश्चात मुख्यमंत्री ने एसएसपी शशि मोहन सिंह की प्रशंसा की और कहा कि यह पहल आम जनता तक नए कानूनों को सरल तरीके से पहुँचाने में अत्यंत प्रभावी सिद्ध होगी।
छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय आज ग्राम नारायणपुर में आयोजित कार्यक्रम के अवसर पर जशपुर पुलिस द्वारा लगाए गए नवीन आपराधिक कानूनों पर आधारित जनजागरूकता स्टाॅल पर पहुँचे। स्टाॅल का अवलोकन करते हुए मुख्यमंत्री ने सामग्री, प्रस्तुतीकरण और जागरूकता माॅडल की सराहना की एवं कहा कि यह पहल आम जनता तक नए कानूनों को सरल तरीके से पहुँचाने में अत्यंत प्रभावी सिद्ध होगी।
यह स्टाॅल कार्यक्रम में उपस्थित नागरिकों के लिए आकर्षण का केंद्र बना रहा, जहाँ पुलिस अधिकारी लोगों को नए कानूनों की जानकारी दे रहे थे तथा उनके प्रश्नों का उत्तर सहज भाषा में समझा रहे थे। मुख्यमंत्री ने कहा कि -“ ऐसी प्रदर्शनी और जागरूकता कार्यक्रम आम जनता को नए बदलावों से अवगत कराने में बहुत महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं और इससे पुलिस एवं जनता के बीच विश्वास भी मजबूत होता है।” पुलिस का यह स्टाॅल नए आपराधिक कानूनों, भारतीय न्याय संहिता (Bharatiya Nyaya Sanhita), भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (Bharatiya Nagarik Suraksha Sanhita) और भारतीय साक्ष्य अधिनियम (Bharatiya Sakshya Adhiniyam) पर आधारित है, इन नए कानूनों के माध्यम से भारतीय न्याय व्यवस्था को और अधिक पारदर्शी, तकनीकी रूप से सशक्त और न्यायोन्मुख बनाया गया है। नये कानून में आधुनिक तकनीकी साक्ष्य जैसे फिंगरप्रिंट, DNA टेस्ट और वॉइस सैंपल अब न्याय प्रक्रिया में कितनी अहम भूमिका निभा रहे हैं। इन वैज्ञानिक विधियों के प्रयोग से अपराध की जांच और अधिक सटीक, तेज और निष्पक्ष हो गई है। अब भारतीय कानून का उद्देश्य केवल “दंड” देना नहीं, बल्कि “न्याय” सुनिश्चित करना है। यह बदलाव भारत की न्याय व्यवस्था में एक नई सोच और आधुनिकता की दिशा में उठाया गया मजबूत कदम है। एसएसपी शशि मोहन सिंह ने बताया कि – “जनता इस जागरूकता स्टाॅल में बढ़-चढ़कर भाग ले रही है। नए कानूनों में हुए बदलावों को पोस्टर, मॉडल और डिजिटल प्रस्तुति के माध्यम से सरल और रोचक तरीके से समझाया जा रहा है, जिससे लोगों में कानून के प्रति समझ और जागरूकता बढ़ रही है।”



