भिलाई। 18 जनवरी : न्यू आर्यनगर, कोहका स्थित एमजे स्कूल में लोहड़ी का पर्व धूमधाम के साथ मनाया गया। बच्चे अपने पेरेन्ट्स के साथ पहुंचे और जमकर मस्ती की। ट्रेन की सवारी करते, झूला झूलते और पतंग उड़ाते बच्चों ने समां बांध दिया। बच्चों ने खास उनके लिए आयोजित मोटर स्किल गेम्स का भी खूब आनंद लिया। कोरोना प्रोटोकॉल का पालन करते हुए लोहड़ी जलाई गई तथा उसमें तिल, गुड़, मूंगफली, रेवड़ी आदि का आर्पण किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ करते हुए संस्था की निदेशक डॉ श्रीलेखा विरुलकर ने कहा कि भारतवर्ष में प्रकृति से प्राप्त कृषि उपज को पहले अग्नि के माध्यम से देवीदेवताओं को अर्पित किया जाता है। देशभर में यह अलग अलग रूपों में मनाया जाता है। कहीं पोंगल, कहीं संक्रांति तो कहीं लोहड़ी होती है। इसके साथ ही हम उम्मीदों के पतंग से अपने आसमान को रंगने की कोशिश करते हैं और उसे ऊंचा-और ऊंचा ले जाने का प्रयास करते हैं। एमजे कालेज के प्राचार्य डॉ अनिल कुमार चौबे ने कहा कि मकर संक्रांति की वैज्ञानिक व्याख्या की। एमजे स्कूल की प्रधानपाठिका मुनमुन सेन ने कहा कि बच्चों को हमारी संस्कृति से जोड़ते हुए उसके वैज्ञानिक पहलू की जानकारी देना स्कूल की जिम्मेदारी है।
इस अवसर पर बच्चों ने गेम्स का भरपूर लुत्फ उठाया। इन खेलों के द्वारा उनकी मोटर स्किल्स तथा इमोशनल डेवलपमेंट को परखने की कोशिश की गई। बच्चों ने झूलों का खूब आनंद लिया। उन्होंने ट्रेन की भी सवारी की। अपने पेरेन्ट्स के साथ मिलकर पतंगबाजी भी की। कुछ बच्चों ने शाला प्रवेश के लिए अपना पंजीयन भी करवाया।
इस कार्यक्रम को सफल बनाने में एमजे कालेज की अर्चना त्रिपाठी, किरण तिवारी, सेवक देवांगन, अवन्तिका, फार्मेसी कालेज के प्राचार्य डॉ टिकेश्वर कुमार, एमजे कालेज ऑफ नर्सिंग के प्राचार्य डैनियल तमिल सेलवन, सिजी थॉमस, एमजे स्कूल की शमानूर अहमद, हरमन रंधावा, नीलोफर, शैली, सिमरन, सागर बाघ, गरिमा गुप्ता, एमजे ग्रुप के सीओओ विनोद कुमार चौबे, पंकज सिन्हा आदि भी मौजूद थे।